पहली बार होगा 180 फीट के मंच पर राम रावण का युद्ध,50 फीट के वाटरप्रूफ रावण के पुतले का आज होगा दहन

ललितपुर। अभी तक के इतिहास में राम रावण का युुद्ध रामलीला मैदान में होता रहा है लेकिन इस दशहरे पर पहली बार 180 फीट का एक मंच का निर्माण कराया गया जिस पर राम रावण अपने अपने रथ पर सवार होकर युद्ध की लीला का मंचन करेगें। रामलीला हनुमान जयंती समिति के अध्यक्ष बृजेश चतुर्वेदी ने बताया कि इस मंच का निर्माण कराने का उद्देश्य यह है कि दशहरा पर दूरदराज से ग्रामीण इस पर्व को देखने के लिए मैदान में पहुचते है। उन्हें राम रावण की लीला देखने में परेशानी ना हो इस उदेश्य से मंच का निर्माण कराया गया है। तो वही उन्होंने बताया कि इस बार मौसम को देखते हुए वाटरप्रूफ रावण के पुतले का निर्माण कराया गया है. जो भोपाल से लाया गया है।

रावण दहन के एक दिन पूर्व की जाती शक्ति की उपासनाः

रावण दहन से एक दिन पूर्व परम्परा अनुसार शक्ति की उपासना की जाती है जिसमें बड़ा मंदिर के पास स्थित काली मंदिर में आधी रात को मां काली की पूजा अर्चना की जाती है।

दहशत कार्यक्रम का शुभारंभ श्री रघुनाथ जी बड़ा मंदिर से श्री विमान जी के साथ भगवान राम ,लक्ष्मण, हनुमान, नल, नील, के संजीव स्वरूप में अपनी वानर सेना के साथ चौबयाना,,रावरपुरा , महावीरपुरा, घंटाघर , सवाकर चौक, नदीपुरा, होते हुए गोविन्द नगर स्थिति रामलीला मैदान पहुंचेगें। यहां नव निर्मित मंच पर भगवान राम रावण की लीला का मंचन किया जाएगा। इसके बाद पुतला दहन होगा जिसमें रावण , मेघनाद, और कुंभकण के पुतलों का दहन होगा,। रावण दहन से पूर्व समिति के पदाधिकारियों ने रामलीला मैदान पहुंच कर तैयारियां का जायजा लिया। इसदौरान समिति अध्यक्ष बृजेश चतुर्वेदी, श्यामाकांत चौबे, हरविंदर सिंह सलूजा, शिवकुमार शर्मा, प्रबंल सक्सेना, भरत रिछारिया, जगदीश पाठक, हरिमोहन चौरसिया, रत्नेश तिवारी, धमेंद्र चौबे, राजेश दुबे, आदि मौजूद रहें।