भोपाल। अपने बेटे बेटियों के विवाह में न दहेज दें, न लें। दहेज के लालचियों को सुयोग्य और घर की सेवा करने वाली बहू नहीं मिलती हैं। जो अपने बेटे के लिए दहेज लेता है, वह अपने बेटे को हस्बैंड नहीं सर्वेंट बना देता है। लक्ष्मी स्वरूपा बहू चाहिए तो दहेज में लक्ष्मी नहीं मांगो। उक्त बातें
देवकीनन्दन ठाकुर ने भोपाल में कथा वाचन करते हुए कहीं। उन्होंने सभी सनातनियों से अपील की कि बच्चियों के पिता को चाहिए कि वह यह बात समझ ले कि जो अपने बेटे को बेच सकता है, वह आपकी बेटी को कैसे खुश रख सकता है।
जीवों को मारना भी आतंकवाद
मासांहार के विरोध में देवकीनंदन ने कहा कि सिर्फ हिंसा करना ही आतंकवाद नहीं है। किसी जीव को मारना और उसे खाना भी आतंकवाद ही है। आपको बता दें कि भोपाल में विश्व शांति सेवा समिति, भोपाल एवं मध्य प्रदेश भाजपा मंत्री राहुल कोठारी के तत्वावधान में भोपाल में श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। यह कथा टीटी नगर दशहरा मैदान में 2 से 8 अप्रैल तक चल रही है। यहीं पर देवकीनंदन कथा सुना रहे हैं।
राजनीति का धर्म आधारित होना जरूरी
आपको बता दें कि दो दिन पहले देवकीनंदन ने राजनीति पर भी अपनी बात रखी थी। उन्होंने कहा था कि धर्म आधारित राजनीति बहुत जरूरी है। और जहां राजनीति में धर्म का आचरण नहीं होगा वह घोटालों से युक्त होगी। जिसे बड़ा नेता बनना हो वो भगवान राम को गाली दे देता है। ऐसे लोगों को सुनकर चुप नहीं रहना है बल्कि जवाब देना है। वे जिस भाषा में समझना चाहें, उन्हें समझाना होगा।